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पढ़ लो Padh lo - Hindi poem


पढ़ लो..(हिंदी कविता)/Padh lo..( Hindi poem)


पढ़ लो

पढ़ लो..  (हिंदी कविता)


शब्द 

नहीं, 

आज..

कुछ लिखने को।

~~~

पढ़ सको

तो,

पढ़ लो..

कोरे कागज को।।

~~~

(स्वरचित)
:- तारा कुमारी


(कैसी लगी आपको यह कविता?जरूर बताएं। यदि पसंद आए या कोई सुझाव हो तो कमेंट में लिखे। आपके सुझाव का हार्दिक स्वागत है।)

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